कोरबा जिले के मेडिकल कॉलेज अस्पताल कोरबा में 8 वर्षीय बालक की मौत हो गई। परिजन ने अस्पताल के जांच लैब पर लापरवाही का आरोप लगाया। इस पर अस्पताल प्रबंधन की प्रारंभिक जांच में लापरवाही सामने आने पर मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल के डीन ने लैब टेक्नीशियन को हटा दिया है।
मूलत: जशपुर निवासी संतोष चौहान ने अपने 8 वर्षीय पुत्र नंदलाल को मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया था। उसका परिवार लगभग 12 साल से बालको में निवासरत है। नंद लाल को खून की जरूरत होने पर उसका ब्लड सैंपल लेकर अस्पताल के टेस्ट लैब में जांच की गई। लैब की ओर से टेस्ट के बाद बी-पॉजीटिव ब्लड होना बताया गया।
इसके बाद परिजन ने रक्तदाताओं से संपर्क कर बी-पॉजीटिव ब्लड भी जुगाड़ कर लिया, लेकिन जब ब्लड चढ़ाने से पहले ब्लड मैच कराया तो क्रॉस मैच से हड़कंप मच गया। दोबारा जांच में नंदलाल का ब्लड ओ-पॉजीटिव होना पाया गया। इससे ब्लड चढ़ाने में देरी हुई। इस दौरान नंद लाल की मौत हो गई। परिजन के आरोप पर अस्पताल प्रबंधन ने मामले की जांच कराई। ब्लड जांच में लापरवाही सामने आने पर लैब टेक्नीशियन शालिनी को हटा दिया है।

