कटघोरा वनमंडल के अंतर्गत ऐतमा रेंज में सेमहर सहित अन्य मूल्यवान और विशाल पेड़ों की लगातार हो रही कटाई ने एक बार फिर वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि ऐतमा और सरभोका बीट क्षेत्र में लंबे समय से बड़े पैमाने पर पेड़ों की कटाई कर लकड़ियों का परिवहन किया जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग प्रभावी कार्रवाई करने के बजाय मौन साधे हुए है। ग्रामीणों के अनुसार 8 जून की रात एक ट्रैक्टर (क्रमांक CG 10 BE 1667) में विशाल पेड़ों की लकड़ियां लोड कर परिवहन किया जा रहा था। संदेह होने पर ग्रामीणों ने वाहन को रोक लिया और इसकी सूचना बांगो पुलिस को दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रैक्टर को अपने कब्जे में लेकर बांगो थाना ले गई। बाद में आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर वाहन और जब्त सामग्री को वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया। ग्रामीणों का कहना है कि लकड़ी परिवहन करने वालों के पास किसी प्रकार के वैध दस्तावेज नहीं थे। इसके बावजूद घटना के लगभग 10 दिन बीत जाने के बाद भी मामले में कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है। इससे क्षेत्र में यह चर्चा तेज हो गई है कि कहीं जिम्मेदार अधिकारी संबंधित ठेकेदारों को बचाने का प्रयास तो नहीं कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि ऐतमा और सरभोका बीट के जंगलों में सैकड़ों पेड़ काटे जा चुके हैं। घने वन क्षेत्र का फायदा उठाकर लकड़ी तस्कर सक्रिय हैं और लगातार मूल्यवान पेड़ों की कटाई कर रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि कई दिनों से बड़े पैमाने पर पेड़ों की कटाई और लकड़ी की सप्लाई का काम चल रहा था, जिसकी जानकारी विभागीय अमले को भी होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। वहीं, सूत्रों के अनुसार वन विभाग का तर्क है कि जब्त लकड़ी वन भूमि की नहीं बल्कि राजस्व क्षेत्र से संबंधित हो सकती है। हालांकि इस संबंध में विभाग की ओर से कोई आधिकारिक और स्पष्ट जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। ऐसे में जब्त लकड़ी की वास्तविक उत्पत्ति, कटाई की वैधता और जिम्मेदार लोगों की भूमिका को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। क्षेत्र के ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते अवैध कटाई पर रोक नहीं लगाई गई तो जंगलों का अस्तित्व और पर्यावरणीय संतुलन दोनों गंभीर संकट में पड़ सकते हैं।
Subscribe to Updates
Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.



