पुलिस अधीक्षक श्री सिद्धार्थ तिवारी एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री लखन पटले श्री नीतीश ठाकुर के मार्गदर्शन तथा अनुविभागीय अधिकारी पुलिस श्री विजय सिंह राजपूत के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी पसान श्री चन्द्रपाल खांडे एवं संयुक्त टीम द्वारा अज्ञात महिला की संदिग्ध मृत्यु के मामले में त्वरित एवं सूक्ष्म जांच करते हुए हत्या की गुत्थी सुलझाई गई। पुलिस टीम द्वारा वैज्ञानिक एवं परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया।
मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि सूचक रामचरण काशीपुरी पिता स्व० भंजूराम उम्र 61 वर्ष साकिन पसान जिला कोरबा की सूचना पर एक अज्ञात महिला उम्र करीब 30-35 वर्ष का शव अस्त-व्यस्त अवस्था में बहखाभर्रा जंगल में महुआ पेड़ के पास पड़े होने की सूचना प्राप्त हुई। सूचना पर थाना पसान में मर्ग क्रमांक 21/2026 धारा 194 बीएनएसएस कायम कर मर्ग जांच प्रारंभ की गई।
शव पंचनामा एवं शिनाख्तगी के दौरान गनपत सिंह मरकाम पिता स्व० गोपाल सिंह निवासी कुम्हारीसानी द्वारा मृतिका की पहचान अपनी पत्नी जयकुंवर के रूप में की गई। गवाहों—के कथनों में मृत्यु संदेहास्पद पाई गई।
जांच के दौरान प्राप्त सीसीटीवी फुटेज में दिनांक 22.02.2026 को समय 15:28 बजे मृतिका को सुकदेव करियाम द्वारा मोटरसाइकिल में पीछे बैठाकर ले जाते हुए देखा गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पीएमकर्ता डॉक्टर गजराज सीएचसी पोड़ी उपरोड़ा द्वारा मृत्यु का कारण गला दबाना बताया गया तथा मृत्यु को अस्वाभाविक एवं हत्या की संभावना व्यक्त की गई।
विवेचना के दौरान गवाहो के कथन एवं अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर यह तथ्य सामने आया कि आरोपी सुकदेव करियाम द्वारा मृतिका को जंगल में ले जाकर गला दबाकर हत्या की गई। संपूर्ण जांच में यह प्रमाणित हुआ कि दिनांक 22.02.2026 को आरोपी द्वारा मृतिका जयकुंवर की हत्या की गई।
प्रकरण में धारा 103(1) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। दिनांक 10.04.2026 को आरोपी सुकदेव करियाम को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई, जिसमें उसने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि मृतिका को जंगल में ले जाकर शारीरिक संबंध बनाने का प्रयास किया, असफल रहने पर विवाद होने से गुस्से में आकर गला दबाकर हत्या कर दी।
पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया।—
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने में थाना प्रभारी श्री चन्द्रपाल खांडे सउनि राकेश सिंह, प्रधान आरक्षक उमेश दुबे, सुभाष राठौर, आरक्षक विष्णु पाटले, डोमन मधुकर, कमल कैवर्त, चंदन यादव, दिलचन्द खूंटे, राहुल बघेल, पुलिस टीम द्वारा तत्परता, सूझबूझ एवं पेशेवर दक्षता का परिचय दिया गया। टीम द्वारा घटनास्थल निरीक्षण, तकनीकी साक्ष्य संकलन, गवाहों से गहन पूछताछ एवं सतत निगरानी के माध्यम से आरोपी तक पहुंच बनाते हुए प्रकरण का शीघ्र खुलासा किया गया।





