ब्रेकिंग न्यूज़ समतानगर पुलिस ने मुंबई में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए गुजरात से आ रहे लगभग 2 करोड़ रुपये का अवैध और प्रतिबंधित गुटखा पकड़ा है। महाराष्ट्र सरकार ने मुंबई सहित पूरे राज्य में गुटखा की बिक्री, भंडारण और परिवहन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया हुआ है। इसके बावजूद, तस्कर बाज नहीं आ रहे हैं और गुजरात तथा अन्य पड़ोसी राज्यों से रोजाना 10 से 20 ट्रक और कंटेनर के जरिए अवैध गुटखा मुंबई में खपाया जा रहा है।
सूत्रों और रिपोर्ट्स के अनुसार, ‘महानगरी डेली’ (मराठी) समाचार पत्र के पत्रकार अतित शिंदें को गुप्त सूचना मिली थी कि गुजरात की ओर से एक कंटेनर में भारी मात्रा में अवैध ब्रांडेड गुटखा भरकर मुंबई लाया जा रहा है। यह कंटेनर दहिसर चेक नाका पार कर चुका था। सूचना मिलते ही मुंबई पुलिस का कंट्रोल रूम सक्रिय हुआ और समतानगर पुलिस ने तुरंत जाल बिछाकर सुबह करीब 5 बजे संदिग्ध कंटेनर (नंबर MH 43 BG 4150) को रोक लिया।
जब पुलिस ने कंटेनर की सघन तलाशी ली, तो अधिकारियों के होश उड़ गए। कंटेनर के अंदर अलग-अलग बोरियों में चालाकी से छिपाकर विमल, रजनीगंधा, राजश्री, आरएमडी, कमला पसंद और सिग्नेचर जैसे कई प्रतिबंधित और मशहूर ब्रांड का भारी स्टॉक बरामद किया गया। जब्त किए गए गुटखा और कंटेनर की कुल अनुमानित कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये आंकी गई है।
पुलिस अब ट्रक चालक से कड़ी पूछताछ कर रही है ताकि मुख्य गुटखा माफियाओं तक पहुँचा जा सके। शुरुआती जांच में सामने आया है कि मुंबई में अवैध गुटखा सप्लाई करने वाले मुख्य गोदाम साकीनाका, पवई, कुर्ला, धारावी और माजिद बंदर जैसे इलाकों में सक्रिय हैं। इस मामले में मीरा रोड के बाबू सेठ और नन्हे, पवई के सद्दाम, धारावी के अकबर, कुर्ला कोहिनूर के सादिक, और साकीनाका व शास्त्री नगर के तैय्यब सुपारी जैसे कई नाम सामने आ रहे हैं।
हालाँकि महाराष्ट्र सरकार ने गुटखा माफियाओं के खिलाफ मकोका जैसे बेहद कड़े कानून लगाने के निर्देश दिए हैं, फिर भी अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर खुलेआम गुटखा खाकर गंदगी फैलाई जा रही है, जो एक गंभीर चिंता का विषय है। इस बड़ी कार्रवाई से यह साफ है कि गुटखा सिंडिकेट अभी भी सक्रिय है, और पुलिस को इस पर नकेल कसने के लिए और अधिक सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है।


