कोरबा। रजगामार क्षेत्र से तीन दिन तक लापता रही 7 वर्षीय भव्या जोशी की मौत ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। जिस मासूम की तलाश में पुलिस और परिजन दिन-रात जुटे रहे, उसका शव चौथे दिन झाड़ियों से बरामद हुआ। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया और आखिरकार संदेह के घेरे में आए एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आज प्रेसवार्ता के जरिए पूरे घटनाक्रम का विस्तृत खुलासा करेगी।

जानकारी के अनुसार मूल रूप से सक्ती जिले के फगुरम निवासी प्रकाश जोशी करीब चार माह पहले अपने परिवार के साथ रजगामार आया था। यहां वह करीम पोल्ट्री फार्म में काम करता था। 19 अक्टूबर की दोपहर उसकी 7 वर्षीय बेटी भव्या घर से पास की किराना दुकान जाने की बात कहकर निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। बच्ची के काफी देर तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने आसपास तलाश शुरू की और पुलिस को इसकी जानकारी दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल तलाश अभियान शुरू किया। अलग-अलग टीमों को संभावित स्थानों पर भेजा गया। पुलिस डॉग बाघा की मदद भी ली गई। बाघा बच्ची के संभावित रास्ते से होते हुए नदी के पास पहुंचा, जिसके बाद नदी, जंगल और आसपास के इलाकों में व्यापक सर्चिंग की गई। हालांकि शुरुआती प्रयासों में बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला।
गुरुवार सुबह तलाशी अभियान के दौरान मरघट के समीप झाड़ियों में बच्ची का शव मिलने की सूचना ने पूरे इलाके को हिला दिया। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी मौके पर पहुंचे। उनके साथ एएसपी लखन पटले, सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी, निरीक्षक युवराज तिवारी और रजगामार चौकी प्रभारी विनोद सिंह सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड को भी जांच में लगाया गया।
बाघा के संकेत से जांच को मिली अहम दिशा
शव बरामद होने के बाद पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती आरोपी तक पहुंचने की थी। जांच के दौरान पुलिस डॉग बाघा ने एक अहम दिशा दिखाई। बताया जा रहा है कि शव मिलने वाले स्थान से सुराग लेते हुए बाघा रावणभाठा स्थित एक मकान तक पहुंचा। वहां मौजूद परिस्थितियों और मिले संकेतों के आधार पर पुलिस ने एक संदिग्ध व्यक्ति की तलाश तेज कर दी।
इसके बाद पुलिस ने संदिग्ध को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पुलिस के मुताबिक पूछताछ के दौरान मामले से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी की पहचान के बाद जांच में खुलेंगे कई राज
पुलिस सूत्रों के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान अजय उर्फ अमित चौहान, उम्र करीब 42 वर्ष, के रूप में हुई है। उसके संबंध बालको और रजगामार दोनों क्षेत्रों से बताए जा रहे हैं। पुलिस अब आरोपी की गतिविधियों, घटना के समय उसकी मौजूदगी और बच्ची तक उसके पहुंचने से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है और उसे न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस द्वारा आज की जाने वाली प्रेसवार्ता में घटना की पूरी कड़ी, जांच में सामने आए साक्ष्य और गिरफ्तारी से जुड़े अहम बिंदुओं का खुलासा किए जाने की संभावना है।
मासूम की मौत से परिवार के साथ-साथ पूरे क्षेत्र में आक्रोश और शोक का माहौल है। अब लोगों की नजर पुलिस के आधिकारिक खुलासे पर टिकी है कि आखिर इस घटना के पीछे पूरी कहानी क्या थी

