SN इंडिया न्यूज
कोरबा (छत्तीसगढ़):
जिले के कटघोरा जनपद पंचायत अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत भिलाई बाजार में भारी वाहनों के बेतहाशा आवागमन और राखड़ परिवहन के कारण स्थानीय ग्रामीणों का जीवन दूभर हो गया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ग्राम पंचायत भिलाई बाजार की सरपंच श्रीमती रजनी मरकाम ने छत्तीसगढ़ शासन के प्रभारी मंत्री (कोरबा जिला) माननीय अरुण साव जी को एक औपचारिक पत्र लिखकर इस समस्या के शीघ्र समाधान और भारी वाहनों के प्रवेश पर पूर्ण रोक लगाने की मांग की है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की सड़क हो रही है जर्जर
ज्ञापन में मुख्य रूप से उल्लेख किया गया है कि ग्राम भिलाई बाजार से प्रतिदिन राखड़ से भरे भारी-भरकम वाहनों का धड़ल्ले से परिवहन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत निर्मित यह सड़क इन ओवरलोड वाहनों के वजन को सहन नहीं कर पा रही है, जिसके परिणामस्वरूप केशला-गंगई मार्ग की ओर जाने वाली यह महत्वपूर्ण सड़क पूरी तरह से क्षतिग्रस्त और जर्जर हो चुकी है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिससे आए दिन दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है।
प्रदूषण और आवागमन में हो रही है भारी परेशानी
भारी वाहनों के निरंतर आवागमन के कारण ग्रामीणों का पैदल या अपने छोटे वाहनों से चलना तक दूभर हो गया है। राखड़ ढोने वाले इन वाहनों से उड़ने वाली धूल और राख के बारीक कणों ने पूरे क्षेत्र के वातावरण को प्रदूषित कर दिया है, जिससे ग्रामीणों, विशेषकर बच्चों और बुजुर्गों को सांस लेने संबंधी और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
अधिकारियों की उदासीनता से ग्रामीणों में रोष
सरपंच श्रीमती रजनी मरकाम ने पत्र के माध्यम से यह भी अवगत कराया है कि इस गंभीर समस्या को लेकर पूर्व में भी कई बार संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों और विभागों का ध्यान आकर्षित कराया गया है, परंतु अब तक किसी भी प्रकार की ठोस या प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। स्थानीय प्रशासन की इस उदासीनता और लाचारी के कारण ग्रामीणों में भारी असंतोष व्याप्त है, और यदि समय रहते कदम नहीं उठाया गया तो यह समस्या और अधिक विकराल रूप धारण कर सकती है।
जनहित में तत्काल सख्त कार्रवाई की मांग
ग्राम पंचायत और क्षेत्रवासियों ने प्रभारी मंत्री से पुरजोर अपील की है कि जनहित एवं ग्रामीणों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए तत्काल प्रभाव से प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की इस सड़क पर राखड़ परिवहन करने वाले भारी वाहनों के आवागमन पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।
इस संबंध में प्रशासनिक स्तर पर त्वरित संज्ञान लेने के लिए पत्र की एक प्रतिलिपि श्रीमान जिलाधीश महोदय, जिला-कोरबा (छ.ग.) को भी सूचनार्थ प्रेषित की गई है।


