कोरबा ।जिले के करतला क्षेत्र में इन दिनों धान खरीदी जोरों पर है। शासन-प्रशासन इसे उत्सव के रूप में मना रहा है, लेकिन दूसरी ओर बिचौलियों की सक्रियता से व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। जिला कलेक्टर के निर्देशन में उड़नदस्ता एवं खाद्य निरीक्षक (फूड इंस्पेक्टर) की टीम गठित की गई है, ताकि अवैध धान परिवहन और तस्करी पर रोक लगाई जा सके, परंतु जमीनी स्तर पर कार्रवाई को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं।
बुधवार रात लगभग 9:30 बजे नोनबिर्रा रोड से सेंद्रीपाली की ओर जा रहे एक पिकअप वाहन (क्रमांक सीजी 13 बीडी 5964) को रोककर जांच की गई। पूछताछ में सामने आया कि वाहन में धान लोड था, लेकिन उसके पास कोई वैध दस्तावेज मौजूद नहीं थे। आरोप है कि सभी तथ्यों की जांच के बावजूद फूड इंस्पेक्टर एवं उड़नदस्ता टीम द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई और कथित तौर पर बिना कार्रवाई के ही वाहन को छोड़ दिया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इसी बिचौलिए के वाहन को उसी दिन सुबह भी पकड़ा गया था। इतना ही नहीं, आरोप है कि इसी वाहन मालिक द्वारा अवैध धान तस्करी के दौरान एक मासूम को चपेट में ले लिया गया था, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। मृतक का दशगात्र शनिवार को संपन्न हुआ।
इस पूरे मामले ने धान खरीदी व्यवस्था, उड़नदस्ता टीम की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक निगरानी पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन इस मामले में आगे क्या कार्रवाई करता है और दोषियों पर सख्त कदम उठाए जाते हैं या नहीं। SN इंडिया न्यूज से जितेन्द्र दास महंत कि रिपोर्ट




