उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर के चर्चित किसान राजबीर सिंह हत्याकांड में 16 साल बाद अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। जिला एवं सत्र न्यायालय ने मामले में दोषी पाए गए पूर्व प्रधान प्रमोद चौधरी और सहदेव उर्फ पप्पू को फांसी की सजा सुनाई है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दोषी प्रमोद चौधरी का संबंध एएसपी अनुज चौधरी से है और वह उनके ममेरे भाई बताए जा रहे हैं।
यह मामला वर्ष 2009 का है, जब किसान राजबीर सिंह की हत्या ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी। लंबे समय तक चली सुनवाई, गवाहों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को हत्या का दोषी करार देते हुए मृत्युदंड की सजा सुनाई। वहीं, अन्य आरोपियों को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया।
करीब 16 साल बाद आए इस फैसले को मुजफ्फरनगर के सबसे चर्चित आपराधिक मामलों में से एक का अहम न्यायिक पड़ाव माना जा रहा है।


