कोरबा। नगर पालिका परिषद दीपका में शराब दुकान को एक स्थान से हटाकर दूसरी घनी आबादी वाले क्षेत्र में शिफ्ट करने का मुद्दा अब तूल पकड़ता जा रहा है। स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने इस प्रस्ताव का कड़ा विरोध करते हुए इसे जनभावनाओं के खिलाफ बताया है।
मामले को लेकर वार्ड क्रमांक 1, 4, 5 और 6 के नागरिकों एवं पार्षदों की बैठक मां समलाई मंदिर परिसर में आयोजित की गई। बैठक में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर प्रशासन के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का ऐलान किया गया।
पार्षद कमलेश जायसवाल ने कहा कि जिला प्रशासन, नगर प्रशासन और आबकारी विभाग के अधिकारियों को बंद कमरों में निर्णय लेने के बजाय आम जनता की भावनाओं को ध्यान में रखना चाहिए। उन्होंने मांग की कि किसी एकपक्षीय निर्णय के बजाय सभी जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों के साथ संयुक्त बैठक कर उचित स्थान तय किया जाए।
हस्ताक्षर अभियान और कलेक्ट्रेट घेराव की तैयारी
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि शराब दुकान शिफ्टिंग के विरोध में दीपका नगर में व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया जाएगा। घर-घर जाकर लोगों का समर्थन जुटाया जाएगा और अभियान पूरा होने के बाद सैकड़ों ग्रामीणों की मौजूदगी में कलेक्ट्रेट का घेराव कर ज्ञापन सौंपा जाएगा।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को नजरअंदाज कर जबरन शराब दुकान स्थापित करने का प्रयास किया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
पहले भी हो चुका है विवाद
बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले ही एसडीएम, तहसीलदार, आबकारी विभाग और पुलिस बल की मौजूदगी में इस मुद्दे को लेकर ग्रामीणों और पार्षदों के बीच तीखी बहस हो चुकी है।
स्थिति यह है कि एक ओर वार्ड क्रमांक 11 के निवासी दुकान को अपने क्षेत्र से हटाने की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर गोबरघोरा सहित वार्ड क्रमांक 1, 4, 5 और 6 के लोग नई प्रस्तावित जगह पर दुकान शिफ्ट करने का विरोध कर रहे हैं।
इस पूरे विवाद ने अब जनआंदोलन का रूप ले लिया है और आने वाले दिनों में यह मामला और गर्मा सकता है।


