बालोद/डौंडी। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में एक अवैध ईंट भट्टे पर बड़ा हादसा सामने आया है, जहां पानी टंकी की दीवार ढहने से दो महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई और एक नाबालिग बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। यह दर्दनाक घटना 10 दिसंबर को डौंडी थाना क्षेत्र के ग्राम चिखली डेम के पास हुई, जहां प्रभावित परिवार मजदूरी कर रहा था।
अवैध ईंट भट्ठे पर हुआ हादसा, प्रशासनिक लापरवाही पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों के अनुसार जिस स्थान पर हादसा हुआ, वह ईंट भट्ठा बिना अनुमति के संचालित किया जा रहा था। दीवार गिरने से सभी मजदूर दब गए, जिनमें दो महिलाओं की मौत मौके पर ही हो गई। नाबालिग बच्ची को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे गए
घटना की सूचना के बाद पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुँचा। दोनों महिलाओं के शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया, जिसके बाद उन्हें परिजनों को सौंप दिया गया।


खनिज विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर आरोप
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने खनिज विभाग पर गंभीर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों ने कहा कि—
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अवैध ईंट भट्टा लंबे समय से चल रहा था
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प्रशासन और विभाग को इसकी जानकारी थी
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कार्रवाई नहीं होने से अवैध कारोबारियों के हौसले बढ़े
विशेष रूप से खनिज अधिकारी मीनाक्षी साहू और खनिज निरीक्षक शशांक सोनी पर अवैध भट्टों और माफियाओं को संरक्षण देने के आरोप लग रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग की निगरानी कमजोर होने से ऐसी घटनाएँ बढ़ रही हैं।

जांच की मांग तेज, दोषियों पर कार्रवाई की उम्मीद
हादसे के बाद क्षेत्र में आक्रोश है और पीड़ित परिवारों ने उचित मुआवजे तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है और अवैध ईंट भट्टे के संचालन की भी जांच की जा रही है।



